समृद्धि यात्रा के दौरान खगड़िया जिले में आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज समृद्धि यात्रा के क्रम में खगड़िया नगर परिषद के वार्ड नंबर-39 में स्थित संसारपुर मैदान में आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए। जन संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आप सभी बड़ी संख्या में यहां उपस्थित हैं।
पटना, 13 मार्च 2026 मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज समृद्धि यात्रा के क्रम में खगड़िया नगर परिषद के वार्ड नंबर-39 में स्थित संसारपुर मैदान में आयोजित जन संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए। जन संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आप सभी बड़ी संख्या में यहां उपस्थित हैं। मैं आप सबका स्वागत एवं अभिनंदन करता हूं। आप सब जानते हैं कि 24 नवंबर, 2005 को बिहार में पहली बार एन०डी०ए० की सरकार बनी तब से राज्य में कानून का राज कायम है और हमलोग निरंतर बिहार के विकास में लगे हुए हैं। वर्ष 2005 से पहले बिहार का बहुत बुरा हाल था। लोग शाम के बाद घर से बाहर नहीं निकलते थे। समाज में काफी विवाद होता था। प्रायः हिन्दू-मुस्लिम के बीच विवाद हुआ करता था। शिक्षा की हालत दयनीय थी। बहुत कम बच्चे पढ़ पाते थे। पहले इलाज का पूरा इंतजाम नहीं था। सडकें जर्जर थीं, बिजली की आपूर्ति न के बराबर थी। हमलोग शुरू से विकास के काम में लगे हुए हैं। बिहार में अब किसी प्रकार के डर एवं भय का वातावरण नहीं है। राज्य में प्रेम, भाईचारा एवं शांति का माहौल है। हिन्दू-मुस्लिम के बीच होने वाले विवाद को खत्म करने के लिए वर्ष 2006 से कब्रिस्तानों की घेराबंदी शुरू कराई। बड़े पैमाने पर कब्रिस्तानों की घेराबंदी कराई जा चुकी है। अब यहां कोई हिन्दू-मुस्लिम विवाद नहीं होता है। इसके बाद वर्ष 2018 से 60 वर्ष से पुराने हिन्दू मंदिरों की घेराबंदी कराने का काम शुरू किया गया, जिससे चोरी की घटनायें नहीं होती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमलोगों ने शिक्षा के क्षेत्र पर विशेष ध्यान दिया। शिक्षा व्यवस्था में सुधार लाने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए। हमलोगों ने नियोजित शिक्षकों की बहाली की। बड़ी संख्या में नये स्कूल खोले गये और सरकारी विद्यालय में पढ़ने वाले लड़के-लड़कियों के लिए पोशाक एवं साइकिल योजना चलायी गई। वर्ष 2023 से बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा 2 लाख 58 हजार सरकारी शिक्षकों की बहाली की गयी है। वर्ष 2006 से 3 लाख 68 हजार नियोजित शिक्षक बने थे जिसमें से बिहार लोक सेवा आयोग द्वारा 28 हजार 976 सरकारी शिक्षक बन गये। हमलोगों ने तय किया कि नियोजित शिक्षकों को बी०पी०एस०सी० की परीक्षा देने की जरूरत नहीं है। उन्हें मामूली सी परीक्षा लेकर, सरकारी शिक्षक बनाया जाएगा। इसके लिए उन्हें 5 अवसर देने का निर्णय लिया गया, जिनमें अब तक 4 परीक्षाओं का आयोजन हो चुका है जिसमें 2 लाख 66 हजार नियोजित शिक्षक पास हो गये हैं। अब केवल 73 हजार शिक्षक शेष बचे हैं जिन्हें 1 मौका और दिया जायेगा। अब कुल मिलाकर सरकारी शिक्षकों की संख्या 5 लाख 24 हजार हो गयी है। इसके अलावा बी०पी०एस०सी० द्वारा 45 हजार नये पदों पर शिक्षकों की बहाली शुरू की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले स्वास्थ्य व्यवस्था बहुत खराब थी, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में इलाज के लिए प्रतिमाह मात्र 39 मरीज ही आते थे यानी प्रतिदिन 1 या 2 मरीज आते थे। वर्ष 2006 से सरकारी अस्पतालों में मुफ्त दवा और इलाज की पूरी व्यवस्था की गयी है। अब प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र में हर महीने औसतन 11 हजार 600 मरीज आते हैं। पहले बिहार में मात्र 6 मेडिकल कॉलेज थे जिनकी संख्या अब 12 हो गयी है। इस वर्ष 6 मेडिकल कॉलेज और बन जायेंगे तथा शेष 21 जिलों में मेडिकल कॉलेज का निर्माण भी शीघ्र पूरा किया जायेगा। पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल को 5400 बेड तथा अन्य 5 पुराने मेडिकल कॉलेज को ढाई हजार बेड का किया जा रहा है।
साथ ही आई०जी०आई०एम०एस० को 3 हजार बेड का बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि राज्य में सड़कों, पुल-पुलियों का निर्माण कराया गया है। राज्य के सुदूर क्षेत्रों से 6 घंटे में पटना पहुंचने के लक्ष्य को वर्ष 2016 में पूरा कर लिया गया है। अब राज्य में बड़ी संख्या में सड़कों, पुल-पुलियों, रेल ओवरब्रिज, बाईपास एवं एलिवेटेड रोड के निर्माण से लगभग 5 घंटे में सुदूर क्षेत्रों से पटना पहुंचना संभव हुआ है। वर्ष 2008 से कृषि रोड मैप बनाकर काम किया जा रहा है जिससे कृषि के क्षेत्र में बहुत अच्छी प्रगति हुई है। वर्ष 2008 से 2012 तक पहला, 2012 से 2017 तक दूसरा, 2017 से 2023 तक तीसरे कृषि रोड मैप पर काम हुआ है, जिसका परिणाम है कि अनाज, फल, सब्जी, दूध, अंडा, मांस एवं मछली का उत्पादन काफी बढ़ गया है। मछली के उत्पादन में ढाई गुणा वृद्धि हुई है। जिससे मछली के उत्पादन में बिहार आत्मनिर्भर हो गया है। साथ ही किसानों की आय बढ़ी है। वर्तमान में चौथे कृषि रोड मैप (वर्ष 2024 से 2029) के तहत योजनाओं पर तेजी से काम हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2015 में सात निश्चय के तहत आर्थिक हल-युवाओं को बल, आरक्षित रोजगार महिलाओं का अधिकार, हर घर तक बिजली, हर घर नल का जल, हर घर शौचालय, टोलों को पक्की सड़कों से जोड़ने तथा अवसर बढ़े आगे पढ़ें पर काम किया गया है। वर्ष 2018 में ही हर घर बिजली पहुंचा दी गयी। सरकार द्वारा शुरू से ही बहुत सस्ती दर पर बिजली दी जा रही है। अब लगभग सभी घरेलू उपभोक्ताओं को बिजली मुफ्त मिल रही है। अब सरकार की तरफ से सभी इच्छुक लोगों के घरों पर सोलर पैनल लगाये जायेंगे। यह काम शुरू हो चुका है। इस काम को शीघ्र पूरा कर लिया जायेगा। वर्ष 2020 से सात निश्चय-2 के तहत युवा शक्ति-बिहार की प्रगति, सशक्त महिला सक्षम महिला, हर खेत तक सिंचाई का पानी, स्वच्छ गाँव-समृद्ध गाँव (सोलर स्ट्रीट लाईट), स्वच्छ शहर विकसित शहर, सुलभ सम्पर्कता तथा सबके लिये स्वास्थ्य सुविधा (टेलीमेडिसिन एवं बाल हृदय योजना) सभी पर काफी काम हुआ है।
सात निश्चय-2 योजना के जो भी काम बचे हैं उन्हें शीघ्र पूरा किया जायेगा। सात निश्चय-2 के तहत ही युवाओं के लिए 10 लाख नौकरी एवं 10 लाख रोजगार देना तय किया गया। अब तक 10 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी जा चुकी है। 40 लाख लोगों को रोजगार दिया जा चुका है। दोनों को मिलाकर 50 लाख युवाओं को नौकरी एवं रोजगार दिया गया है। अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार देने का लक्ष्य रखा गया है। सरकार ने शुरू से ही सभी तबकों का विकास किया है। चाहे हिन्दू हो, मुस्लिम हो, अपर कास्ट हो, पिछड़ा हो, अति पिछड़ा हो, दलित हो, महादलित हो सभी के लिए काम किया गया है। मुस्लिम समुदाय के लिए भी हमने काफी काम किया है। मदरसों को सरकारी मान्यता दी गयी है एवं उनके शिक्षकों को अन्य सरकारी शिक्षकों के बराबर वेतन दिया जा रहा है। सभी वृद्धजनों, दिव्यांगजनों और विधवा महिलाओं को मिलने वाली पेंशन की राशि 400 रुपये से बढ़ाकर 1100 रुपये कर दी गयी है। इससे 1 करोड़ 14 लाख लोगों को फायदा हो रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2023 में जाति आधारित गणना करायी गई, जिसमें लोगों की आर्थिक स्थिति की भी जानकारी ली गयी। इसमें 94 लाख गरीब परिवार पाये गये जिसमें अपर कास्ट, पिछड़ा, अति पिछड़ा, दलित, महादलित एवं मुस्लिम समुदाय के लोग शामिल हैं। इन सभी परिवारों के रोजगार हेतु 2 लाख रुपये की सहायता दी जानी है। अब तक 83 लाख 20 हजार परिवारों को रोजगार योजना से जोड़कर राशि देना शुरू किया गया है, शेष परिवारों को अगले महीने तक राशि देना शुरू कर दिया जायेगा। आवश्यकता होगी तो लाख रुपये से ज्यादा राशि भी दी जायेगी। हमलोगों ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए। इसके तहत वर्ष 2006 में पंचायती राज संस्थाओं एवं वर्ष 2007 में नगर निकायों में महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण दिया गया।
अब तक चार चुनाव हो चुके हैं। वर्ष 2013 से पुलिस में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया गया। अब बिहार पुलिस में महिलाओं की संख्या देश में सर्वाधिक है। वर्ष 2016 से महिलाओं को सभी सरकारी नौकरियों में 35 प्रतिशत आरक्षण दिया जा रहा है। पहले बिहार में स्वयं सहायता समूह की संख्या बहुत कम थी। वर्ष 2006 में विश्व बैंक से कर्ज लेकर राज्य में स्वयं सहायता समूह का गठन शुरू कराया, जिसे हमलोगों ने जीविका नाम दिया। उस समय की केंद्र सरकार ने हमलोगों के इस काम से प्रेरित होकर देश भर में इसका नाम आजीविका कर दिया। अब स्वयं सहायता समूह की संख्या 11 लाख 5 हजार हो गयी है जिनसे अब तक 1 करोड़ 69 लाख जीविका दीदियां जुड़ चुकी हैं। वर्ष 2024 से शहरी क्षेत्रों में भी स्वयं सहायता समूह का गठन हो रहा है जिनकी संख्या 77 हजार हो गयी है जिसमें लगभग 10 लाख 78 हजार जीविका दीदियां जुड़ी हैं, इसका गठन लगातार जारी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास कार्यों में जो कमी रह गयी, उसे पूरा करने के लिए वर्ष 2024 के दिसम्बर एवं 2025 के जनवरी-फरवरी माह में मैंने प्रगति यात्रा के दौरान सभी जिलों में जाकर विकास कार्यों को देखा और जो कमी रही उसे पूरा करने के लिए 430 नयी योजनाओं की स्वीकृति दी है। सभी जिलों में इन योजनाओं पर काम शुरू हो चुका है। अब तक 21 योजनाएं पूरी हो चुकी हैं, शेष सभी कार्यों को शीघ्र पूरा करा लिया जायेगा। बिहार के विकास में केन्द्र सरकार का पूरा सहयोग मिल रहा है। जुलाई, 2024 के बजट में बिहार को विशेष आर्थिक सहायता के रूप में सड़क, उद्योग, स्वास्थ्य, पर्यटन, बाढ़ नियंत्रण के लिए बड़ी राशि देने की घोषणा की गयी। 2025 के केन्द्रीय बजट में बिहार में मखाना बोर्ड, एयरपोर्ट की स्थापना, पश्चिमी कोसी नहर के लिए वित्तीय सहायता आदि की घोषणा की गयी है। वर्ष 2018 से देश के कुछ राज्यों में खेलो इंडिया यूथ गेम्स का आयोजन हो रहा है। वर्ष 2025 में खेलो इंडिया यूथ गेम्स का आयोजन बिहार में हुआ, जो गौरव की बात है। इन सबके लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी का नमन करते हैं। प्रधानमंत्री जी कई बार बिहार आये हैं और उनके द्वारा विकास कार्यों का शिलान्यास / शुभारम्भ किया गया है, इन सभी योजनाओं पर अब तेजी से काम हो रहा है। हमलोगों की सरकार के पहले कार्यकाल 2005-2010, दूसरे कार्यकाल 2010-2015, तीसरे कार्यकाल 2015-2020 तथा चौथे कार्यकाल 2020-2025 को मिलाकर चारों कार्यकाल में हर क्षेत्र में काम हुआ है चाहे शिक्षा हो, स्वास्थ्य हो, सड़क हो, बिजली हो, कृषि हो। महिला सशक्तीकरण की दिशा में अनेक काम किए गए हैं। अब विकास की गति को और तेज किया जायेगा। केन्द्र सरकार का भी पूरा सहयोग मिल रहा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले 5 वर्षों के लिए सात निश्चय-3 का गठन किया गया है जिसमें दोगुना रोजगार दोगुनी आय के तहत राज्य की प्रति व्यक्ति औसत आय को दोगुना किया जायेगा। मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के तहत हर महिला को 10 हजार रुपये दिये गये हैं। जिनका रोजगार अच्छा चलेगा उन्हें 2 लाख रुपये तक की सहायता दी जायेगी। अगले 5 वर्षों में युवाओं को 1 करोड़ नौकरी एवं रोजगार उपलब्ध कराये जाएंगे। इसके लिए नये युवा रोजगार एवं कौशल विकास विभाग का गठन किया गया है। समृद्ध उद्योग सशक्त बिहार के तहत अगले 5 वर्षों में उद्योग लगाने पर पूरा जोर दिया जायेगा। सभी जिलों में औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना की जा रही है। बड़े उद्योगों के लिए मुफ्त भूमि एवं अनुदान दिया जा रहा है। पुरानी बंद चीनी मिलों को चालू किया जायेगा। कृषि में प्रगति प्रदेश की समृद्धि के तहत कृषि विकास के लिए पहले से ही काफी काम किया गया है। इस
काम में और तेजी लाने के लिए एक नये बिहार विपणन प्रोत्साहन निगम की स्थापना की गयी है। मखाना के उत्पादन को और बढ़ावा दिया जा रहा है। डेयरी एवं मछली पालन पर विशेष जोर दिया जा रहा है। राज्य में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए उन्नत शिक्षा उज्ज्वल भविष्य के तहत प्रत्येक प्रखंड में आदर्श विद्यालय एवं डिग्री कॉलेज खोले जा रहे हैं। एक नये एजुकेशन सिटी का निर्माण कराया जायेगा। सुलभ स्वास्थ्य सुरक्षित जीवन के तहत स्वास्थ्य सेवाओं को और बेहतर करने के लिए जिला एवं प्रखंड स्तरीय अस्पतालों को विशिष्ट चिकित्सा केन्द्र बनाया जा रहा है। राज्य में प्रतिष्ठित निजी अस्पतालों की स्थापना के लिए प्रोत्साहन दिया जायेगा। सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति लायी जायेगी। मजबूत आधार आधुनिक विस्तार के तहत आधारभूत संरचनाओं को बेहतर किया जायेगा जिसमें शहरों का विकास और नये नियोजित शहरों की स्थापना की जायेगी। 5 नये एक्सप्रेस-वे सड़कों का निर्माण तथा ग्रामीण सड़कों का 2-लेन चौड़ीकरण किया जायेगा। सभी इच्छुक लोगों के घर की छतों पर सोलर पैनल लगाये जायेंगे। बिहार में पर्यटन एवं इको टूरिज्म के विकास पर विशेष जोर दिया जायेगा। पटना में स्पोर्ट्स सिटी का विकास किया जाएगा तथा खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी दी जायेगी। सबका सम्मान-जीवन आसान (Ease of Living) के तहत आधुनिक तकनीक तथा अच्छे प्रशासन के माध्यम से राज्य के सभी नागरिकों के जीवन को आसान बनाया जायेगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा राज्य लगातार विकास कर रहा है। अगले 5 वर्षों में और ज्यादा काम होगा जिससे बिहार काफी आगे बढ़ेगा। केन्द्र का भी पूरा सहयोग प्राप्त हो रहा है। बिहार और विकसित होगा, देश के टॉप राज्यों में शामिल हो जायेगा तथा देश की प्रगति में महत्वपूर्ण योगदान देगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खगड़िया में विकास के कई कार्य कराये गये हैं। हमलोग पिछले दो दशक से लगातार बिहार के विकास में लगे हैं। वर्ष 2005 से पहले की सरकार ने कुछ नहीं किया। पहले खगड़िया की हालत काफी खराब थी। पटना से खगड़िया के बीच की सड़कें भी जर्जर थी जिसके कारण आवागमन काफी कठिन था। पहले पटना से खगड़िया पहुंचने में काफी समय लगता था। जिले के अंदर वाले क्षेत्रों में तथा आसपास के जिलों में आना-जाना बहुत कठिन था। पूरे जिले में बिजली का हाल बहुत बुरा था। हमारी सरकार ने शुरू से ही खगड़िया के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण कार्य कराये हैं। पटना से खगड़िया तक अच्छी सड़क का निर्माण करा दिया गया है। इससे आवागमन सुगम हो गया है। खगड़िया में अनेक पुलों एवं पथों का निर्माण कराया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि खगड़िया में इंजीनियरिंग कॉलेज एवं पॉलिटेक्निक संस्थान की स्थापना की गयी है। महिला आई०टी०आई० एवं सभी अनुमंडलों में आई०टी०आई० की स्थापना की गयी है। जी०एन०एम० संस्थान, पारा मेडिकल संस्थान की स्थापना की गयी है। कर्पूरी छात्रावास एवं 2 आवासीय विद्यालयों का निर्माण कराया गया है। बाढ़ नियंत्रण के लिए बागमती नदी का तटबंध दुरुस्त कराया जा रहा है। बी०पी० मंडल सेतु का सुदृढीकरण कराया गया है। खगड़िया-सहरसा-पूर्णिया पथ का चौड़ीकरण सहित विकास के अनेक कार्य कराए गए हैं। वर्ष 2024 के दिसम्बर एवं 2025 के जनवरी-फरवरी माह में मैंने प्रगति यात्रा के दौरान सभी जिलों में जाकर विकास कार्यों को देखा। यहां भी हम आकर विकास कार्यों का निरीक्षण कर लोगों से बातचीत कर समस्याओं से अवगत हुए थे। उन समस्याओं के समाधान के लिए 7 योजनाओं की स्वीकृति दी गयी जिन पर काम चल रहा है, जिसे शीघ्र पूरा किया जायेगा। इनमें राजेंद्र चौक से बखरी बस स्टैंड के निकट रेलवे क्रॉसिंग पथ का निर्माण कार्य, अलौली प्रखंड में बागमती नदी पर गढ़ घाट के नजदीक उच्चस्तरीय आर०सी०सी० पुल का निर्माण, महेशखूंट-गोगरी परबत्ता-सुल्तानगंज घाट पथ में भगवान हाई स्कूल, गोगरी जमालपुर से जी०एन० बांध होते हुए फतेहपुर तक बाईपास का निर्माण कार्य, गांधी इंटर हाई स्कूल, बेलदौर प्रखंड में आउटडोर स्टेडियम का निर्माण कार्य, खगड़िया में मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल का निर्माण कार्य, खगड़िया नगर सुरक्षा तटबंध का उच्चीकरण, सुदृढीकरण एवं कालीकरण सहित एंटी फ्लड स्लूइस गेट का निर्माण कार्य एवं खगड़िया प्रखंड के रहीमपुर से खगड़िया बाईपास पथ तक बूढ़ी गंडक नदी पर पहुंच पथ सहित उच्चस्तरीय आर०सी०सी० पुल का निर्माण कार्य शामिल है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सात निश्चय-3 के तहत अगले 5 वर्षों 2025 से 2030 के बीच खगड़िया में अनेक काम कराये जायेंगे। रोजगार के लिए जिले की 2 लाख 69 हजार महिलाओं को 10 हजार रुपये के हिसाब से राशि दी जा चुकी है। इन्हें रोजगार आगे बढ़ाने के लिए 2 लाख रुपये तक की अतिरिक्त सहायता भी दी जायेगी। खगड़िया में औद्योगिक क्षेत्र की स्थापना कर नये उद्योग लगाये जाएंगे। डेयरी को बढ़ावा देने के लिए गांवों में दूध उत्पादन समितियों का गठन तथा 129 पंचायतों में सुधा दूध बिक्री केन्द्र खोला जायेगा। सभी 7 प्रखंडों में आदर्श विद्यालय तथा डिग्री कॉलेज की स्थापना की जायेगी। सभी 7 सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों को विशिष्ट अस्पताल तथा खगड़िया सदर अस्पताल को अति विशिष्ट अस्पताल के रूप में विकसित किया जायेगा। खगड़िया में खेलों के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना की जायेगी। सबका सम्मान-जीवन आसान निश्चय के तहत कठिनाइयों को दूर कर लोगों के लिए सरकारी सुविधाएं प्राप्त करना आसान बनाया जायेगा। इन कामों से जिले का पूरे तौर पर विकास होगा। केन्द्र सरकार का भी पूरा सहयोग मिल रहा है। अब बिहार बहुत आगे बढ़ेगा और देश के विकसित राज्यों में शामिल हो जायेगा।
जन संवाद कार्यक्रम को उप मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी, जल संसाधन सह संसदीय कार्य मंत्री श्री विजय कुमार चौधरी, समाज कल्याण सह खगड़िया जिले के प्रभारी मंत्री श्री मदन सहनी ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी, जल संसाधन मंत्री श्री विजय कुमार चौधरी, समाज कल्याण सह खगड़िया जिले के प्रभारी मंत्री श्री मदन सहनी, विधायक श्री रामचंद्र सदा, विधायक श्री बबलू कुमार, विधायक श्री पन्ना लाल सिंह पटेल, विधायक श्री बाबू लाल शौर्य, विधान पार्षद श्री ललन सर्राफ, पूर्व सांसदगण, पूर्व विधायकगण, पूर्व विधान पार्षदगण, अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे। पटना से कुमार गौतम की रिपोर्ट